आप यहां हैं : होम» राज्य

वाराणसी में स्मृति ईरानी ने राहुल और महागठबंधन पर हमला बोला

Reported by nationalvoice , Edited by shabahat.vijeta , Last Updated: May 11 2019 12:10PM
smrati erani_2019511121045.png

वाराणसी. पीएम मोदी के संसदीय क्षेत्र में केन्द्रीय मंत्री और अमेठी से राहुल गांधी के खिलाफ चुनाव लड़ रही स्मृति ईरानी ने कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी पर हमला बोला है. स्मृति ईरानी ने वाराणसी में एक जनसभा में कहा कि पीएम नरेन्द्र मोदी ने देश की सेवा की और कांग्रेस ने उनका अपमान करने के अलावा कुछ हीं दिया. स्मृति ईरानी यहीं नहीं रुकीं. उन्होंने राहुल गांधी का नाम लिए बिना कहा कि यह वह लोग हैं जो पांच साल में एक बार जनेऊ पहनते हैं. पांच साल के लिए विदेशी दौरे पर जाते हैं और चुनाव के समय गंगा दर्शन के लिए आ जाते हैं.

स्मृति ईरानी ने आगे कहा कि वह अयोध्या जाते हैं लेकिन रामलला के आगे सिर नहीं झुकाते हैं. क्योंकि उन्हें अपने वोट बैंक की परवाह है. यह वह लोग हैं जो अमेठी में वाराणसी से चुनाव लड़ने के बारे में पूछते हैं, लेकिन जब समय आता है तो वो वाराणसी ही नहीं बल्कि अमेठी छोड़कर वायनाड भाग जाते हैं.

स्मृति ईरानी ने नुक्कड़ सभा के माध्यम से कांग्रेस और महागठबंधन पर जमकर निशाना साधा. रामनगर नुक्कड़ सभा में स्मृति ईरानी ने कहा, भईया काशी आयी हूँ. काशी से जयघोष ऐसा हो कि उनके कानों तक और दिल्ली तक पहुंचे. जो जेएनयू गए थे, टुकड़े करने, मैंने आग्रह किया था और जनता ने रामनगर बुलाकर आशीर्वाद दिया.

उन्होंने कहा कि 2017 में जब आयी थी, तब 14 साल से पुल अटका था और वनवास खत्म हुआ. स्मृति ईरानी ने प्रियंका गांधी द्वारा 56 इंच के सीने पर कहा कि जिसकी हिम्मत नहीं कि बनारस आकर चुनाव लड़ ले. पीठ पीछे तो कायर ही बोलता है. भाजपा के पक्ष में बटन दबाकर पुल बनवाया. महामिलावटी लोग ये नहीं कर पाए. राजनीति में मिलावट करने वालों को जनता जबाब देगी. गांधी परिवार फ़ोटो की राजनीति करती है. जब प्रधान सेवक ने नामांकन से पहले जनता से आशीर्वाद लिया. चौखट पर शीश नवा कर सेवक बनता है. काशी के संस्कार को ग्रहण कर स्वच्छता का मोहर लगाया है.

स्मृति ईरानी ने कहा कि अमीर घरों में जो जन्मे हैं, उन्हें रात के अंधेरे का अहसास नहीं, जब रात में बहु बेटी शौच को जाती है तो गाड़ी की लाइट पड़ते ही आँचल से मुहं ढकती थी. नरेन्द्र मोदी ने 10 करोड़ परिवार को शौचालय दिया. गरीब परिवार की माताओं बहनों में छोटे से चूल्हे में खाना बनाया. उसका धुंआ कितना छाती में भरता है. गरीब का बेटा नहीं बताया कि माँ की छाती चुभती है. काशी का गौरव  है. आज करोड़ों घरों तक चूल्हा पहुंचा.


देश-दुनिया की अन्य खबरों और लगातार अपडेट हासिल करने के लिए हमें फेसबुक पर ज्वॉइन करें। आप हमें ट्विटर पर भी फॉलो कर सकते हैं।